जयपुर के हुल्लास पुरोहित बने Surshree 2026, सुर संगम के 37वें National Youth Music Festival में जीता खिताब
जयपुर के हुल्लास पुरोहित ने सुर संगम संस्थान की 37वीं राष्ट्रीय गायन प्रतिभा खोज प्रतियोगिता में 'सुरश्री 2026' का खिताब जीता। उन्हें अंतिम राउंड में श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए एक लाख रुपये का नकद पुरस्कार मिला। होटल बीलवा पैलेस में हुए समापन समारोह में राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने विजेताओं को सम्मानित किया।
अनन्य सोच । देशभर से आई युवा संगीत प्रतिभाओं के बीच दो दिन चली प्रतियोगिता में जयपुर के हुल्लास पुरोहित ने 'सुरश्री 2026' का खिताब अपने नाम किया। सुर संगम संस्थान की 37वीं राष्ट्रीय गायन प्रतिभा खोज प्रतियोगिता का समापन शुक्रवार को होटल बीलवा पैलेस में हुआ। राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए।
Winners List: किस वर्ग में कौन रहा आगे
जूनियर सुगम संगीत: प्रयागराज के आदित्य मिश्रा प्रथम रहे। उपविजेता दीनदयाल उपाध्याय की कौशिकी चौधरी रहीं।
सीनियर सुगम संगीत: मुंबई की दिया पुरोहित प्रथम रहीं। आगरा के ओस सत्संगी उपविजेता रहे।
जूनियर शास्त्रीय संगीत: वाराणसी के ओंकार सिंह प्रथम रहे। दिल्ली की अनुष्का और बीकानेर के अस्मित व्यास उपविजेता रहे।
सीनियर शास्त्रीय संगीत: वाराणसी की तेजस्विनी दिगंबर वर्नेकर प्रथम रहीं। वाराणसी के मोहित परोंहा उपविजेता रहे।
सीनियर वर्ग (शास्त्रीय और सुगम) के प्रथम स्थान विजेताओं को निर्मल तारा सेठिया और पूर्णिमा हैंडीक्राफ्ट की ओर से गणेश राणा स्मृति पुरस्कार के तहत 50-50 हजार रुपये दिए गए।
Judges ने परखी गायकी
समारोह के दूसरे दिन पद्मश्री से सम्मानित ग़ज़ल गायिका पीनाज मसानी, संगीतकार समीर सेन, संगीतकार व वायलिन वादक दीपक पंडित और जयपुर के वरिष्ठ संगीतज्ञ दीपक माथुर ने प्रतियोगियों को परखा। सुर, लय, भाव, उच्चारण और संगीत की समझ जैसे पहलुओं पर आकलन हुआ। दीपक पंडित ने प्रस्तुतियों के बाद सुझाव दिए और तकनीकी कमियों की ओर ध्यान दिलाया।
मंत्री खर्रा और सोहेल सेन रहे मौजूद
नगरीय विकास एवं आवासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा लगातार दूसरे दिन समारोह में पहुंचे। वे एक घंटे से अधिक समय तक निर्णायकों के बीच बैठकर प्रस्तुतियां सुनते रहे। वीणा म्यूजिक के प्रबंध निदेशक हेमजीत मालू और सुर संगम के राष्ट्रीय महासचिव मुकेश अग्रवाल ने उनका अभिनंदन किया। बॉलीवुड संगीतकार सोहेल सेन ने भी प्रतिभागियों को संबोधित किया। समारोह संयोजक प्रसन्नजीत मालू ने उनका स्वागत किया।
Gandhi Jayanti पर भजनों से स्मरण
गांधी जयंती पर डालिया मुखर्जी, सौम्या चक्रवर्ती और जयंतिका डे ने 'वैष्णव जन तो तेने कहिये' और 'रघुपति राघव राजा राम' की प्रस्तुति दी।