UN में भारत के AI मॉडल की झलक, जयशंकर बोले- वैश्विक सहयोग जरूरी

UNGA के 81वें सत्र में रिलायंस फाउंडेशन के पांचवें 'इंडिया डे' में जयशंकर समेत कई मंत्रियों ने भारत के AI और विकास मॉडल पर चर्चा की, नया प्रकाशन भी जारी हुआ।

Sep 29, 2026 - 18:14
Sep 29, 2026 - 21:18
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UN में भारत के AI मॉडल की झलक, जयशंकर बोले- वैश्विक सहयोग जरूरी

अनन्य सोच । संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के दौरान रिलायंस फाउंडेशन, यूएन और ऑब्जर्वर रिसर्च फाउंडेशन (ORF) ने न्यूयॉर्क में पांचवें 'इंडिया डे' का आयोजन किया। 24 सितंबर को हुए इस कार्यक्रम में भारत के एआई और विकास मॉडल पर चर्चा हुई, जिसमें विदेश मंत्री एस. जयशंकर सहित कई देशों के मंत्री शामिल हुए।

जयशंकर समेत कई देशों के मंत्री हुए शामिल

उच्चस्तरीय सत्र 'रप्चर्स एंड रैम्पार्ट्स' में एआई, जलवायु कार्रवाई और वैश्विक विकास के नए सहयोग मॉडल पर चर्चा हुई। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने संयुक्त राष्ट्र की भूमिका और वैश्विक सहयोग की जरूरत पर जोर दिया। जमैका, सूरीनाम और घाना के मंत्रियों ने भी विकासशील देशों के बीच सहयोग पर विचार रखे।

अधिकारियों ने रखे अपने विचार

ग्रामीण विकास विभाग के सचिव रोहित कंसल ने कहा कि भारत की ताकत बड़े स्तर के इंफ्रास्ट्रक्चर और तकनीक की पहुंच में है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की सचिव पुण्या सलीला श्रीवास्तव ने तकनीक और स्वास्थ्य ढांचे को साथ लाने की बात कही। नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के सचिव संतोष कुमार सारंगी ने कहा कि एआई ऊर्जा क्षेत्र को मजबूत बना सकता है।

चार सत्रों में हुई गहन चर्चा

कार्यक्रम में एआई, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, महिला नेतृत्व, स्वास्थ्य और समावेशी विकास पर चार विषयगत सत्र हुए। एआई के नियमन, डेटा गवर्नेंस और सार्वजनिक सेवाओं में इसके जिम्मेदार इस्तेमाल पर भी विचार-विमर्श हुआ।

एआई पर विशेष प्रकाशन जारी

इस मौके पर 'व्हेन सिलिकॉन मीट्स द सॉयल: इंडियाज एआई रिवॉल्यूशन' नाम से प्रकाशन जारी हुआ, जिसमें भारत के एआई इकोसिस्टम के 12 विकसित मामलों और छह उभरते प्रयोगों को शामिल किया गया है। यह बताता है कि भारत किसानों, स्वास्थ्यकर्मियों और समुदायों तक एआई आधारित समाधान कैसे पहुंचा रहा है।

रिलायंस फाउंडेशन के बी. श्रीनिवासन ने कहा कि एआई और विकास अब सीमित दायरे में नहीं रहे, बड़े सहयोग की जरूरत है। यूएन रेजिडेंट कोऑर्डिनेटर स्टीफन प्रीस्नर ने भारत के समाधानों को दुनिया तक पहुंचाने पर जोर दिया। ORF अध्यक्ष समीर सरन ने कार्यक्रम का मकसद तकनीक और साझेदारी से लोगों तक सेवा पहुंचाना बताया।