JaipurMetro: मेट्रो रेल मार्ग के पास पतंगबाजी जानलेवा, जयपुर मेट्रो प्रशासन ने जारी की चेतावनी
Ananya soch: JaipurMetro
अनन्य सोच। मकर संक्रांति (MakarSankranti) के दौरान पतंगबाजी का उत्साह चरम पर रहता है, लेकिन (MetroSafety) जयपुर मेट्रो रेल मार्ग के (KiteFlyingDanger) आसपास पतंग उड़ाना गंभीर हादसों का कारण बन सकता है. जयपुर मेट्रो के मानसरोवर से बड़ी चौपड़ के बीच मेट्रो रेल का संचालन 25,000 वोल्ट के उच्च विद्युत प्रवाह से होता है, जो मेट्रो रूट पर सड़क से लगभग 30 मीटर ऊंचाई पर लगे तारों के माध्यम से 24 घंटे सक्रिय रहता है.
यदि पतंग का मांझा इन बिजली के तारों में उलझ जाता है, तो करंट मांझे के जरिए सीधे पतंग उड़ाने वाले तक पहुंच सकता है, जो अत्यंत खतरनाक और जानलेवा साबित हो सकता है. पूर्व में भारतीय रेल, मेट्रो एवं बिजली कंपनियों के तारों में पतंगबाजी के कारण कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं.
गत वर्ष मकर संक्रांति के दौरान इसी वजह से कई बार जयपुर मेट्रो का संचालन बाधित हुआ. मेट्रो प्रशासन को लगभग 5,000 पतंगें और बड़ी संख्या में मांझे तारों से हटाने पड़े, ताकि यात्री सेवा को सुचारु रखा जा सके.
जयपुर मेट्रो प्रशासन ने (PublicSafety) नागरिकों से अपील की है कि मेट्रो रेल मार्ग के आसपास पतंगबाजी से पूर्णतः परहेज करें. इससे न केवल जनहानि जैसी अनहोनी से बचा जा सकेगा, बल्कि मेट्रो संचालन में होने वाली रुकावट और यात्रियों को होने वाली असुविधा भी रोकी जा सकेगी.