“सुरक्षा की नई रफ्तार”: 42 महिला पीसीआर वैन सड़कों पर, हर कॉल पर 24x7 त्वरित एक्शन का वादा
मुख्यमंत्री ने दिखाई हरी झंडी, महिला सुरक्षा तंत्र हुआ और मजबूत
अनन्य सोच। महिलाओं की सुरक्षा को और अधिक सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए भजनलाल शर्मा ने पुलिस मुख्यालय से 42 महिला पीसीआर वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह पहल राज्य में महिला सुरक्षा के लिए तेज, सुलभ और तकनीक-संचालित व्यवस्था स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
1090 हेल्पलाइन को मिलेगी नई मजबूती
मुख्यमंत्री ने कहा कि महिला सुरक्षा हेल्पलाइन 1090 को लगातार मजबूत किया जा रहा है, ताकि उत्पीड़न, हिंसा और आपात स्थितियों में महिलाओं को तुरंत सहायता मिल सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार महिलाओं के लिए सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है और हर स्तर पर संसाधन बढ़ाए जा रहे हैं।
24 घंटे अलर्ट रहेंगी पीसीआर वैन
नई महिला पीसीआर वैन 24 घंटे सक्रिय रहकर किसी भी घटना या शिकायत पर तुरंत कार्रवाई करेंगी। इन वाहनों को अत्याधुनिक तकनीक से लैस किया गया है, जिससे मौके पर पहुंचकर त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके।
अभय कमांड सेंटर से सीधा कनेक्शन
इन सभी वैन को अभय कमांड सेंटर से जोड़ा गया है, जो डायल 112 की तर्ज पर काम करता है। हर वाहन में मोबाइल डेटा टर्मिनल (MDT) लगाया गया है, जिससे कंट्रोल रूम से सीधे निर्देश मिलेंगे और कार्रवाई में देरी नहीं होगी।
इसके अलावा वैन में जीपीएस, फोल्डिंग स्ट्रेचर और एलईडी लाइट बार जैसी सुविधाएं भी दी गई हैं, जो आपात स्थितियों में मददगार साबित होंगी।
महिला सुरक्षा में तकनीक और संवेदनशीलता का संगम
यह पहल केवल वाहनों की संख्या बढ़ाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह तकनीक और संवेदनशीलता के समन्वय का उदाहरण है। सरकार का उद्देश्य है कि महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस करें और किसी भी संकट में तुरंत सहायता प्राप्त कर सकें।
वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में हुआ शुभारंभ
इस अवसर पर जवाहर सिंह बेढ़म, वी. श्रीनिवास और राजीव कुमार शर्मा सहित पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
सुरक्षित राजस्थान की ओर एक मजबूत कदम
महिला पीसीआर वैन की यह शुरुआत राज्य में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ महिलाओं के आत्मविश्वास को भी बढ़ाएगी। यह पहल “सुरक्षित राजस्थान” के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक निर्णायक कदम है।