फिल्मी दुनिया से समाजसेवा तक, नीतू जोशी का प्रेरणादायी सफर! पांच लाख पौधे लगाकर बदल दी आदिवासी गांवों की तस्वीर
क्या दो दशक तक बॉलीवुड और टीवी इंडस्ट्री में काम करने वाला कोई शख्स आदिवासी गांवों की जिंदगी बदल सकता है? जयपुर में मिले एक बड़े सम्मान के साथ यह कहानी सामने आई है, जो दिखाती है कि कैसे मनोरंजन जगत की एक हस्ती ने समाज सेवा को अपनी असली पहचान बना लिया।
अनन्य सोच। समाजसेवी और फिल्म निर्माता नीतू जोशी को पर्यावरण संरक्षण, आदिवासी कल्याण, शिक्षा और सामुदायिक विकास (Community Development) में उल्लेखनीय योगदान के लिए राष्ट्रीय हरित गौरव पुरस्कार (National Green Pride Award) से सम्मानित किया गया। कल्पतरु संस्थान की ओर से मिला यह सम्मान उनके सामाजिक सरोकारों की पहचान है।
मियाम चैरिटेबल ट्रस्ट से बदल रही तस्वीर
नीतू जोशी द्वारा स्थापित मियाम चैरिटेबल ट्रस्ट (Miyam Charitable Trust) महाराष्ट्र के ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यक्रम चला रहा है। 2022 में स्थापित इस ट्रस्ट ने कम समय में ही अपनी गतिविधियों का व्यापक विस्तार किया है।
गढ़चिरौली में लगाए पांच लाख पौधे
ट्रस्ट की सबसे बड़ी उपलब्धियों में गढ़चिरौली क्षेत्र में चलाया गया विशाल पौधरोपण अभियान (Plantation Drive) शामिल है, जिसके तहत स्थानीय समुदायों की भागीदारी से करीब पांच लाख पौधे लगाए गए। इसके साथ ही आदिवासी महिलाओं को सिलाई, बुनाई और खाद्य प्रसंस्करण का प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है।
गरीब बच्चों की शिक्षा पर विशेष फोकस
ट्रस्ट किसान परिवारों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के बच्चों को निःशुल्क किताबें, अध्ययन सामग्री और मार्गदर्शन उपलब्ध करा रहा है, जिससे कई विद्यार्थी उच्च शिक्षा की ओर बढ़ पाए हैं।
फिल्म इंडस्ट्री से रहा है गहरा नाता
नीतू जोशी का मनोरंजन जगत से दो दशक से अधिक का जुड़ाव रहा है। वे संजय दत्त की फिल्म "वास्तव" में कार्यकारी निर्माता रहीं और "यक्ष" फिल्म का निर्माण भी किया। इस योगदान के लिए उन्हें दादासाहेब फाल्के फिल्म फाउंडेशन अवॉर्ड सहित कई सम्मान मिल चुके हैं।
परिवार के सहयोग को बताया सबसे बड़ी ताकत
अपने सफर पर नीतू जोशी ने कहा कि माता-पिता के संस्कार, पति का सहयोग और बेटे का प्रोत्साहन उनकी सबसे बड़ी ताकत रहे हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि आगे भी जरूरतमंदों के लिए काम करती रहेंगी।