राजस्थान में उद्योगों की बल्ले-बल्ले! 6 कंपनियों को मिली बड़ी सौगात, 580 करोड़ के निवेश से 1700 को मिलेगा रोजगार
राजस्थान सरकार की महत्वाकांक्षी निवेश प्रोत्साहन योजना अब कागजों से निकलकर धरातल पर असर दिखाने लगी है। आधा दर्जन से ज्यादा उद्योगों को मिली सरकारी मंजूरी ने प्रदेश में औद्योगिक विकास की नई इबारत लिख दी है।
अनन्य सोच। राज्य में उद्योगों को पंख देने वाली Rajasthan Investment Promotion Scheme (RIPS) ने एक बार फिर अपनी सफलता साबित की है। इस योजना के तहत हाल ही में छह से अधिक उद्यमों को सरकार की ओर से मोटी सब्सिडी और तमाम रियायतों को हरी झंडी मिल गई है। इससे न सिर्फ प्रदेश में करोड़ों का निवेश आएगा, बल्कि हजारों युवाओं को रोजगार के नए अवसर भी मिलेंगे।
दरअसल, राज्य सरकार यह योजना मैन्युफैक्चरिंग, सर्विस सेक्टर, ग्रीन इन्वेस्टमेंट, एक्सपोर्ट प्रमोशन और स्किल ट्रेनिंग जैसे क्षेत्रों में निवेशकों को आकर्षित करने के लिए चला रही है। 25 करोड़ रुपये से ज्यादा निवेश करने वाली कंपनियों को State Level Screening Committee (SLSC) की मंजूरी के बाद ये लाभ दिए जाते हैं।
19 अगस्त 2026 को अतिरिक्त मुख्य सचिव, उद्योग एवं वाणिज्य विभाग की अध्यक्षता में हुई इस अहम बैठक में छह से ज्यादा उद्यमों की फाइलें मंजूर हुईं। इन कंपनियों को Asset Creation Incentive, Interest Subsidy, बिजली शुल्क में छूट और Green Incentive जैसे कई फायदे दिए गए हैं। खास बात यह है कि इन उद्योगों ने प्रदेश में करीब 580 करोड़ रुपये का वास्तविक निवेश किया है, जिससे सीधे तौर पर 1699 लोगों को रोजगार मिलने का रास्ता साफ हुआ है।
अधिकारियों का कहना है कि यह सिर्फ आंकड़ा नहीं, बल्कि योजना के जमीनी असर का सबूत है। विभाग की मंशा है कि जिला और राज्य स्तर पर लगातार बैठकें कर पात्र उद्योगों को जल्द से जल्द मंजूरी दी जाए, ताकि निवेशकों का भरोसा बना रहे और राजस्थान निवेश के मामले में देश के अग्रणी राज्यों में शुमार हो सके। आने वाले दिनों में और भी उद्योगों को इस योजना का लाभ मिलने की उम्मीद है।