गोवा में अमित शाह का बड़ा दावा! "West India बना देश का ग्रोथ इंजन", जानें W-E-S-T का पूरा फॉर्मूला
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गोवा में एक बड़ी बैठक की अध्यक्षता करते हुए पश्चिमी भारत को देश की तरक्की का असली इंजन बता दिया। उन्होंने एक दिलचस्प फॉर्मूला भी समझाया, जिससे साफ हो गया कि आखिर यह क्षेत्र इतना खास क्यों है। जानिए पूरी बैठक में क्या-क्या बड़े ऐलान हुए।
अनन्य सोच। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने सोमवार को गोवा की राजधानी पणजी में Western Zonal Council की 28वीं बैठक की अध्यक्षता की। इस अहम बैठक में गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत, गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस समेत दादरा-नगर हवेली और दमन-दीव के प्रशासक प्रफुल्ल के. पटेल भी शामिल हुए।
बैठक में अमित शाह ने पश्चिमी क्षेत्र को देश की economy का सबसे बड़ा industrial और financial hub बताते हुए एक रोचक WEST Engine फॉर्मूला पेश किया। उन्होंने समझाया कि W यानी wealth and finance, E यानी export and ports, S यानी startups and semiconductor और T यानी tourism and blue economy — इन सभी क्षेत्रों में पश्चिमी भारत की देश में सबसे बड़ी हिस्सेदारी है।
गोवा की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि पर्यटन, ऊंची प्रति व्यक्ति आय और खनन क्षेत्र के दम पर गोवा अपनी भौगोलिक सीमाओं से कहीं ज्यादा योगदान दे रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि देश ने वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में 7.8 percent growth rate दर्ज की है, जो वैश्विक अस्थिरता के बावजूद एक बड़ी उपलब्धि है।
अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के cooperative federalism मॉडल की भी सराहना की। उन्होंने बताया कि 2004 से 2014 के बीच जहां क्षेत्रीय परिषदों की सिर्फ 25 बैठकें हुई थीं, वहीं 2014 के बाद से अब तक 71 बैठकें हो चुकी हैं — यानी लगभग तीन गुना बढ़ोतरी। उन्होंने इसे Team India की सोच का बेहतरीन उदाहरण बताया।
उन्होंने आगे बताया कि इन बैठकों में अब तक 1893 मुद्दों पर चर्चा हुई, जिनमें से 1445 का समाधान निकाला जा चुका है। शाह ने कहा कि अब क्षेत्रीय परिषदें सिर्फ dispute resolution का जरिया नहीं रहीं, बल्कि जनकल्याण योजनाओं की मॉनिटरिंग का प्रमुख माध्यम बन गई हैं। उन्होंने गर्व से बताया कि पश्चिमी क्षेत्र के राज्यों के बीच अब कोई विवाद शेष नहीं बचा है।
बैठक के अंत में उन्होंने सभी राज्यों के Urban Cooperative Banks को CFCFRMS से जोड़ने और नशे के खिलाफ अभियान में पश्चिमी क्षेत्र को अग्रणी भूमिका निभाने की अपील की।