E20 Petrol पर फैली अफवाहों की खुली पोल! 30 करोड़ वाहन बेकार होने से लेकर Engine Damage तक, सरकार और Auto Companies ने बताए पूरे तथ्य

E20 Petrol को लेकर सोशल मीडिया पर Engine Damage, Mileage Loss और करोड़ों वाहनों के बेकार होने जैसे दावे तेजी से वायरल हो रहे हैं। अब केंद्र सरकार और देश की प्रमुख Auto Companies ने संयुक्त रूप से इन दावों पर जवाब देते हुए वास्तविक आंकड़े और सर्विस डेटा सार्वजनिक किया है। रिपोर्ट में सामने आए तथ्य कई वायरल दावों से बिल्कुल अलग तस्वीर पेश करते हैं।

Jul 30, 2026 - 23:32
Jul 30, 2026 - 23:59
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E20 Petrol पर फैली अफवाहों की खुली पोल! 30 करोड़ वाहन बेकार होने से लेकर Engine Damage तक, सरकार और Auto Companies ने बताए पूरे तथ्य

अनन्य सोच । सरकार ने स्पष्ट किया है कि E15 और E20 Petrol का उपयोग देशभर में पिछले कई वर्षों से बड़े पैमाने पर हो रहा है। इस दौरान 20 करोड़ से अधिक Two-Wheeler और 3 करोड़ से ज्यादा Petrol Cars इन ईंधनों पर चल चुकी हैं, लेकिन Ethanol Blending की वजह से Engine Failure या वाहन के इस्तेमाल लायक नहीं रहने का कोई सत्यापित प्रमाण नहीं मिला है।

सोशल मीडिया पर किए जा रहे इस दावे को भी खारिज किया गया कि 30 करोड़ वाहन बेकार हो जाएंगे। सरकार का कहना है कि यदि ऐसा होता तो लाखों Warranty Claims, बड़े स्तर पर Service Campaigns और व्यापक तकनीकी शिकायतें सामने आतीं, जबकि ऐसा कोई मामला दर्ज नहीं हुआ।

4 जुलाई 2026 को Ministry of Petroleum and Natural Gas, Ministry of Heavy Industries और Ministry of Road Transport & Highways की संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में Toyota Kirloskar, Maruti Suzuki, Hero MotoCorp, Hyundai Motor India, TVS Motor Company और Bajaj Auto के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी E20 Program पर भरोसा जताया। कंपनियों ने कहा कि E20 को पुराने वाहनों पर कड़े परीक्षण और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार सत्यापन के बाद लागू किया गया है।

Maruti Suzuki ने वित्त वर्ष 2025-26 में सर्विस किए गए 2.84 करोड़ वाहनों, जिनमें 1.5 करोड़ से अधिक पुराने वाहन शामिल थे, के विश्लेषण के आधार पर बताया कि E20 Fuel से न तो असामान्य Corrosion, न अतिरिक्त Wear & Tear और न ही Parts Life में कमी देखी गई। वहीं Hero MotoCorp ने भी अपने सर्विस डेटा में किसी अतिरिक्त खराबी से इनकार किया।

Mileage को लेकर भी सरकार ने स्थिति स्पष्ट की है। विशेषज्ञों के अनुसार पुराने E10 Compatible Vehicles में ईंधन दक्षता में सामान्यतः 3 से 5 प्रतिशत तक का अंतर आ सकता है। वहीं Driving Style, Traffic, Tyre Pressure, Vehicle Maintenance और Air Conditioner का असर इससे कहीं अधिक होता है। सरकार का दावा है कि E20 Fuel बेहतर Octane Rating, साफ Combustion और बेहतर Engine Performance जैसे अतिरिक्त लाभ भी देता है।

सरकार और उद्योग का कहना है कि E20 Compatible Vehicles पर Warranty जारी है और कंपनियां किसी राजनीतिक दबाव में नहीं, बल्कि व्यापक Testing, Field Data और वैज्ञानिक सत्यापन के आधार पर अपने उत्पादों का समर्थन कर रही हैं। ऐसे में विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि वाहन मालिक सोशल मीडिया पर वायरल दावों के बजाय आधिकारिक जानकारी और प्रमाणित तकनीकी तथ्यों पर भरोसा करें।