राजस्थान को मिली विकास की नई सौगात: 182 करोड़ की DBT राशि, 50 करोड़ की स्टार्टअप फंडिंग और डिजिटल प्लेनेटेरियम का हुआ शिलान्यास, जानें पूरी डिटेल
राजस्थान स्टार्टअप क्वेस्ट 2026, सिंगल होलिस्टिक प्रोक्योरमेंट पोर्टल का शुभारंभ, 33 हजार से ज्यादा PM आवास योजना लाभार्थियों को मिला सीधा फायदा, लखपति दीदियों और स्ट्रीट वेंडर्स को भी बांटे ऋण चेक
अनन्य सोच। राजस्थान के लिए यह दिन विकास और डिजिटल क्रांति के नए अध्याय के रूप में दर्ज हो गया। राज्य में एक साथ कई बड़ी योजनाओं और परियोजनाओं का डिजिटल शुभारंभ, लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया, जिसने प्रदेश की तकनीकी और सामाजिक तरक्की को नई रफ्तार दे दी है।
इस खास मौके पर राजस्थान स्टार्टअप क्वेस्ट 2026 और सिंगल होलिस्टिक प्रोक्योरमेंट पोर्टल का शुभारंभ किया गया, जो प्रदेश के युवा उद्यमियों और सरकारी खरीद प्रक्रिया को डिजिटल रूप से और मजबूत बनाएगा। इसके साथ ही जोधपुर और उदयपुर में डिजिटल प्लेनेटेरियम यानी उप क्षेत्रीय विज्ञान केंद्र का शिलान्यास किया गया, जबकि जयपुर में 7डी थियेटर, क्षेत्रीय विज्ञान केंद्र एवं विज्ञान उद्यान तथा न्यूक्लियर पावर गैलरी का भव्य लोकार्पण हुआ। इतना ही नहीं, उदयपुर के उप क्षेत्रीय विज्ञान केंद्र का भी लोकार्पण किया गया, जो विज्ञान के क्षेत्र में प्रदेश की बढ़ती क्षमताओं को दर्शाता है।
इस कार्यक्रम में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया गया, जब भारत के चार प्रमुख शहरों दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद और बेंगलुरु में आई स्टार्ट सुविधा डेस्क स्थापित करने के लिए सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क्स ऑफ इंडिया के साथ MoU पर हस्ताक्षर किए गए। इसके अलावा स्वामी केशवानंद इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी और DOIT के बीच भी एक अहम MoU साइन हुआ, जो शिक्षा और तकनीक के क्षेत्र में सहयोग को नई दिशा देगा।
लेकिन इस आयोजन की सबसे बड़ी खासियत रही आम जनता के लिए सीधे लाभ की घोषणाएं। केंद्रीय वित्त मंत्री एवं मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ सीधे लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए कई बड़े कदम उठाए। प्रधानमंत्री आवास योजना, शहरी एवं ग्रामीण, के तहत 33 हजार 806 लाभार्थियों को केंद्रीय एवं राज्य अनुदान के रूप में 182 करोड़ 8 लाख रुपये की राशि सीधे बैंक खातों में ट्रांसफर की गई।
इसके साथ ही राजीविका स्वयं सहायता समूहों की 2 हजार 670 लखपति दीदियों को मुख्यमंत्री लखपति दीदी ऋण योजना के तहत 22 करोड़ रुपये की ऋण राशि प्रदान की गई। वहीं PM स्वनिधि योजना के अंतर्गत 3 हजार 11 पथ विक्रेताओं को 5 करोड़ 64 लाख रुपये के ऋण चेक सौंपे गए, जो छोटे व्यापारियों के लिए बड़ी राहत साबित होगी। इसके अलावा प्रदेश के 33 होनहार स्टार्टअप्स को 50 करोड़ रुपये की फंडिंग भी प्रदान की गई, जिससे युवा उद्यमियों के सपनों को नई उड़ान मिलेगी।
इस भव्य कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी, संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल, विधायक गोपाल शर्मा, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, प्रमुख शासन सचिव वित्त वैभव गालरिया, AU स्मॉल फाइनेंस बैंक के प्रबंध निदेशक संजय अग्रवाल सहित वरिष्ठ अधिकारी, स्टार्टअप फाउंडर्स और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे, जिन्होंने इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने।