जयपुर में कल से शुरू होगा डिजिटल इंडिया का महाकुंभ! AI और डेटा से बदलेगी सरकारी कामकाज की तस्वीर
29वां National e-Governance Conference, 17 पहलों को मिलेंगे गोल्ड-सिल्वर अवॉर्ड, 80+ मंत्रालयों के प्रतिनिधि लेंगे हिस्सा
राजस्थान की राजधानी जयपुर 1-2 जुलाई 2026 को डिजिटल गवर्नेंस के सबसे बड़े मंच की मेजबानी करने जा रही है। प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग (DARPG) और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) राजस्थान सरकार के सहयोग से 29वें National Conference on e-Governance (NCeG) 2026 का आयोजन कर रहे हैं। इस बार का थीम है—"विकसित भारत 2047: AI-सक्षम, डेटा-संचालित और सुरक्षित डिजिटल शासन"।
इस दो-दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा करेंगे, और इस मौके पर राज्य के IT मंत्री कर्नल राजवर्धन सिंह राठौर भी मौजूद रहेंगे। सबसे खास बात यह है कि इस आयोजन के दौरान देशभर की 17 बेहतरीन डिजिटल पहलों को सम्मानित किया जाएगा—जिसमें 10 गोल्ड, 6 सिल्वर और 1 जूरी अवॉर्ड शामिल हैं। ये अवॉर्ड केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह द्वारा प्रदान किए जाएंगे।
सम्मेलन में कुल 6 फुल सेशन और 6 सब-सेशन होंगे, जिनमें 60 से ज्यादा वक्ता हिस्सा लेंगे। चर्चा के विषय भी बेहद दिलचस्प हैं—जैसे AI-बेस्ड गवर्नेंस, स्मार्ट पुलिसिंग, क्वांटम टेक्नोलॉजी से डिजिटल बदलाव, और स्कूली शिक्षा में डिजिटल हस्तक्षेप। इसके अलावा 40 से अधिक प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी, जिनमें देश की सबसे इनोवेटिव डिजिटल गवर्नेंस पहलें देखने को मिलेंगी।
इस आयोजन में 80 से अधिक केंद्रीय मंत्रालयों, 28 राज्यों और 8 केंद्रशासित प्रदेशों के प्रतिनिधि भाग लेंगे, जिससे यह सम्मेलन वाकई राष्ट्रीय स्तर का बन जाता है। प्रदर्शनी में एक खास 'वॉल ऑफ फेम' भी होगी, जो पिछले वर्षों के पुरस्कार विजेताओं को सम्मान देगी।
सम्मेलन को DARPG सचिव निवेदिता शुक्ला वर्मा, MeitY सचिव एस. कृष्णन और राजस्थान के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास भी संबोधित करेंगे। लेकिन सबसे ज्यादा उत्सुकता बनी हुई है "जयपुर घोषणापत्र" को लेकर, जिसे अतिरिक्त सचिव सरिता चौहान प्रस्तुत करेंगी—आखिर इसमें डिजिटल भारत के भविष्य के लिए क्या बड़ा ऐलान होने वाला है, यह जानने के लिए जुड़े रहें।